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सहकुलक, लेग्रेंज- प्रमेय (Cosets, Lagrange’s)

🎓 Vardhman Mahaveer Open University📖 SLM - Algebra (Hindi)📖 9 नोट्स⏱️ ~14 मिनट

सहकुलक, लेग्रेंज- प्रमेय (Cosets, Lagrange’s) — अध्ययन नोट्स

NCERT-संरेखित · 9 नोट्स · 3 निःशुल्क दिखाए गए

3.1 समूहों की पुनरावृत्ति

अवधारणा

3.1 समूहों की पुनरावृत्ति

इस अनुभाग में समूह (Group) की मूलभूत परिभाषा, उसके गुण, तथा उदाहरणों की पुनरावृत्ति की गई है। समूह बीजगणित का एक महत्वपूर्ण विषय है, जिसमें किसी सेट (समुच्चय) G पर एक द्विक क्रिया * (गुणा, जोड़, आदि) परिभाषित होती है। समूह के चार मुख्य गुण होते हैं: (1) बंदता (Closure), (2) संघटनशीलता (Associativity), (3) तटस्थ तत्त्व (Identity Element), (4) प्रतिलोम तत्त्व (Inverse Element)। यदि कोई सेट G और उस पर एक द्विक क्रिया * इन चारों गुणों को संतुष्ट करती है, तो (G, *) को समूह कहते हैं। उदाहरण स्वरूप, पूर्णांकों का सेट Z, क्रिया जोड़ (+) के साथ एक समूह बनाता है। समूहों के अध्ययन से गणित के अन्य क्षेत्रों जैसे संख्या सिद्धांत, ज्यामिति, आदि में गहराई से समझ विकसित होती है।

  • समूह में चार मुख्य गुण होते हैं: बंदता, संघटनशीलता, तटस्थ तत्त्व, प्रतिलोम तत्त्व।
  • समूह की क्रिया को * से दर्शाया जाता है।
  • Z (पूर्णांक), + (जोड़) एक समूह का उदाहरण है।
  • समूह के हर तत्त्व का एक प्रतिलोम तत्त्व अवश्य होता है।
  • समूहों का अध्ययन गणित के कई क्षेत्रों में उपयोगी है।
  • 📌 समूह (Group): एक समुच्चय जिसमें एक द्विक क्रिया चार गुणों को संतुष्ट करती है।
  • 📌 तटस्थ तत्त्व (Identity Element): वह तत्त्व जो किसी भी तत्त्व के साथ क्रिया करने पर तत्त्व को अपरिवर्तित रखता है।
  • 📌 प्रतिलोम तत्त्व (Inverse Element): वह तत्त्व जो किसी तत्त्व के साथ क्रिया करने पर तटस्थ तत्त्व देता है।

3.2 उपसमूह

परिभाषा

3.2 उपसमूह

इस अनुभाग में उपसमूह (Subgroup) की परिभाषा, उसके गुण, तथा उपसमूह की जाँच के लिए आवश्यक शर्तों का विस्तार से वर्णन किया गया है। यदि G एक समूह है और H उसका एक उपसमुच्चय है, तो H को G का उपसमूह तब कहते हैं जब H स्वयं G की क्रिया के तहत एक समूह बनाता है। उपसमूह की जाँच के लिए दो मुख्य शर्तें होती हैं: (1) H में बंदता होनी चाहिए, अर्थात् a, b ∈ H ⇒ a * b ∈ H; (2) हर तत्त्व का प्रतिलोम भी H में होना चाहिए, अर्थात् a ∈ H ⇒ a⁻¹ ∈ H। यदि H इन दोनों शर्तों को संतुष्ट करता है, तो H, G का उपसमूह है।

  • उपसमूह G के समुच्चय का वह उपसमुच्चय है, जो स्वयं समूह के सभी गुणों को संतुष्ट करता है।
  • उपसमूह की जाँच के लिए बंदता और प्रतिलोम तत्त्व की उपस्थिति आवश्यक है।
  • G का तटस्थ तत्त्व भी H में होना चाहिए।
  • H का हर तत्त्व G का भी तत्त्व होता है।
  • हर समूह के कम से कम दो उपसमूह होते हैं: स्वयं G और {e}।
  • 📌 उपसमूह (Subgroup): समूह का ऐसा उपसमुच्चय, जो स्वयं समूह के सभी गुणों को संतुष्ट करता है।
  • 📌 तटस्थ तत्त्व (Identity): समूह का वह तत्त्व जो क्रिया के लिए तटस्थ रहता है।

3.3 सहकुलक (Coset)

परिभाषा

3.3 सहकुलक (Coset)

इस अनुभाग में सहकुलक (Coset) की परिभाषा, प्रकार (वाम सहकुलक, दक्षिण सहकुलक), तथा उनके निर्माण की विधि को विस्तार से समझाया गया है। यदि G कोई समूह है और H उसका उपसमूह है, तो G के किसी भी a तत्त्व के लिए aH = {a * h | h ∈ H} को H का वाम सहकुलक (Left Co

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Algebra · Vardhman Mahaveer Open University

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1समूह, उपसमूह (Group Subgroup) 8—40
9 नोट्स
2समूह उपसमूह (Group, Subgroup)
8 नोट्स
3परमचय समूह, चय समूह (Permutation Group)
10 नोट्स
4सहकुलक, लेग्रेंज- प्रमेय (Cosets, Lagrange’s)
वर्तमान
5समूह समाकारता (Group Homomorphism)
10 नोट्स
6सामान्य उपसमूह (Normal Subgroup)
9 नोट्स
7विभाग समूह एवं समाकारता की मूलभूत प्रमेय (Quotient)
9 नोट्स
8वलय (Rings) 159—186
10 नोट्स
9पूर्णांक क्षेत्र एवं क्षेत्र (Integral Domains and Fields)
9 नोट्स
10वलय समाकारता एवं अंतःस्थापन (Ring Homomorphism)
10 नोट्स
11गुणज वलय एवं विभाजन वलय (Ideals and Quotient Rings)
8 नोट्स
12सदृश समुच्चय, उपसमुच्चय की परिभाषा, उदाहरण एवं
10 नोट्स
13सदृश का एकघात संचय, एकघाती स्वतंत्रता एवं आयतता
10 नोट्स
14सदृश समुच्चय का आधार, विभाजन एवं इनके उदाहरण, परिमित
8 नोट्स
15दो उपसमितियों का योग, उपसमितियों का अनुलोम योग एवं
8 नोट्स